कविता : आधी आजादी
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आधी आजादी
हो गई है देश की आजादी ,
छा गया है फिर से अन्धेरा....
सोचा था कि कुछ पल कुछ दिन जी लूँ ,
करू रात को दिन जैसा उजियारा .....
पर चोर और बदमाश नेताओ...
5 घंटे पहले
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13 comments:
nice
nice
धवल दूध सा उजला तन है।
जिसमें बसता काला मन है।।
बगुला भगत बनने वालों की पोल खोल दी आपने..बढ़िया सुंदर और मजेदार कविता...
बधाई शास्त्री जी!!
मीनों के कुल का घाती है।
नेता जी का यह नाती है।।
बढ़िया व्यंग....
बगुले की सारी विशेषताएं बताती हुई अच्छी रचना..
बहुत ही सुन्दर गीत !!
मदर्स डे की बधाई . आज ममा लोगों का दिन है, सो कोई शरारत नहीं केवल प्यार और प्यार !!
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पाखी की दुनिया में 'मम्मी मेरी सबसे प्यारी' !
इसे देख धोखा मत खाना।
यह ढोंगी है जाना-माना।।
बहुत सुन्दर बाल गीत
बहुत सुन्दर बाल गीत.
बढ़िया बाल कविता!
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सबसे प्यारा होता है : अपनी माँ का मुखड़ा!
bahut sundar baalgeet.badhai!
बहुत सुंदर
http://nanhen deep.blogspot.com/
http://adeshpankaj.blogspot.com/
बहुत सुंदर
http://nanhen deep.blogspot.com/
http://adeshpankaj.blogspot.com/
सिफ़ बच्चों को ही नहीं बड़ों भी रचना पढ़ कर मजा आया। अति सुन्दर..........रचना|
सद्भावी-डॉ० डंडा लखनवी
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